हरियाणा के सिरसा जिले के समस्त ग्रामीण चौकीदारों ने अपनी वर्षों पुरानी लंबित समस्याओं व प्रमुख मांगों के समाधान हेतु मुख्यमंत्री, हरियाणा सरकार के नाम एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में चौकीदारों को नियमित सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने सहित विभिन्न कल्याणकारी लाभ प्रदान करने की पुरजोर अपील की गई है।

ज्ञापन सौंपते हुए ग्रामीण चौकीदार यूनियन के प्रतिनिधियों (अनिल कुमार – प्रधान, ग्राम चौकीदार ब्लॉक सिरसा एवं दुनीराम – प्रधान, ग्रामीण चौकीदार यूनियन ब्लॉक डबवाली) ने बताया कि ग्रामीण चौकीदार व्यवस्था अंग्रेजों के शासनकाल से ही चली आ रही है। आज भी एक ग्रामीण चौकीदार 24 घंटे अपनी सेवाएं देता है। वह गांव-गांव तक सरकार की योजनाओं को पहुंचाने, गांव में घटने वाली हर घटना की सूचना प्रशासन तक पहुंचाने तथा गांव में कानून-व्यवस्था बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसके बावजूद, उन्हें आज भी केवल नाममात्र मानदेय पर काम करने के लिए मजबूर किया जा रहा है।
ग्रामीण चौकीदारों की मुख्य मांगें:
1. ग्रामीण चौकीदारों को पक्का/नियमित सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए।
2. कर्मचारी निधि (PF) एवं कर्मचारी कल्याण योजनाओं का पूर्ण लाभ मिले।
3. सम्मानजनक वेतन, पेंशन एवं अन्य सेवा लाभ प्रदान किए जाएं।
4. पदोन्नति (प्रमोशन) की उचित व्यवस्था की जाए।
5. सामाजिक सुरक्षा एवं सम्मान सुनिश्चित किया जाए।
17 अगस्त से ‘न्याय यात्रा’ (पैदल मार्च) की चेतावनी:
ग्रामीण चौकीदार प्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर शीघ्र ही कोई उचित निर्णय नहीं लिया, तो 17 अगस्त से नरवाना टोल प्लाजा से ‘न्याय यात्रा’ (पैदल मार्च) प्रारंभ की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि इस पैदल यात्रा के दौरान किसी भी ग्रामीण चौकीदार को कोई नुकसान पहुंचता है, तो उसकी पूरी जिम्मेदारी हरियाणा सरकार की होगी।